ब्लॉकबस्टर के लिए ‘लिटिल ब्वॉय’ का सहारा? - PICTURE PLUS Film Magazine पिक्चर प्लस फिल्म पत्रिका

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बुधवार, 21 जून 2017

ब्लॉकबस्टर के लिए ‘लिटिल ब्वॉय’ का सहारा?

'बजरंगी भाईजान' के बाद सलमान की फिल्म में फिर एक बार बाल कलाकार 
'ट्यूबलाइट' में सलमान खान के साथ बाल कलाकार मेटिन रे टेंगू. फोटो-नेट से साभार


-संजीव श्रीवास्तव
1990 में हॉलीवुड की फिल्म आई थी- होम अलोन (Home Alone) । फिल्म की कहानी से कहीं ज्यादा उस फिल्म के बाल कलाकार मैकेली कलकिन की अदाओं ने दुनिया भर के दर्शकों को दीवाना बना दिया था  जैसे कि तारे जमीं पर के दर्शिल सफारी ने भारत में। होम अलोन फिल्म इतनी सफल हुई कि साल 2012 तक आते आते अब तक इसके पांच सीक्वल बन चुके हैं। सभी सीरिज ने सफलता के झंडे गाड़े हैं। हिन्दुस्तान में अभी तक किसी भी फिल्म की चार सीरिज भी नहीं बन सकी है। होम अलोन का वह छोटा बच्चा आठ साल का था। लेकिन वह कहानी का केंद्रीय पात्र था। कहानी का हर पेंचोखम उसकी गतिविधियों के दम से अंजाम तक पहुंचता था। लेकिन जब साल 2015 में लिटिल ब्वॉय आई तो एक बार फिर आठ साल का एक बच्चा फिल्म की कहानी का केंद्रविन्दु बन कर सामने आ गया लेकिन इस बार पृष्ठभूमि बदल चुकी थी। परिवेश अलग था। घर के अंदर की कहानी को युद्ध का परिवेश दिया गया था। कहानी का ट्रीटमेंट भी बदल चुका था और उसी लिटिल ब्वॉय का जब बॉलीवुड संस्करण बना तो यहां भी आठ साल का एक छोटा बच्चा फिर भारतीय सिनेमा घरों में धूम मचाने को तैयार है। लिहाजा यह कहा जाना गलत नहीं कि ये उद्धरण महज संयोग नहीं हैं और ना ही किसी कहानी को भावुक बनाने की कमजोरी भर। वस्तुत: ये उद्धरण अब लोकप्रियता की रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गये हैं। हाल के सालों में फिल्म को ब्लॉकबस्टर बनाने के लिए बाल कलाकारों का उपयोग कहानी की मांग से कहीं ज्यादा भावुकता का बिजनेस बढ़ाने के लिए किस कदर हुआ है, ये नजीर सबके सामने हैं।

भारत-चीन युद्ध (Indo-china war) की पृष्ठभूमि पर बनी फिल्म ट्यूबलाइट में जिस बाल कलाकार का अभिनय देखने को मिलेगा, वह अरुणाचल प्रदेश से है। यह संदर्भ भी अनोखा है और नई टेरिटरी को छूने वाला है। फिल्म में  बाल कलाकार मेटिन रे टेंगू चीन की अभिनेत्री ज़ू ज़ू का बेटा बना है। और सलमान खान के साथ उस बाल कलाकार के कई रोचक व भावुक प्रसंग हैं। जैसे कि अगर आप याद करें फिल्म बजरंगी भाईजान में पाकिस्तान से आकर भारत में खो चुकी मासूम सी बच्ची  (हर्शाली मलहोत्रा) के साथ कई रोचक और भावुक प्रसंगों में नजर आते हैं। इसी तरह बच्चों के साथ सलमान ईद के मौके पर ही रिलीज हुई अपनी फिल्न किक में भी दिखाई दे चुके हैं। इन फिल्मों की कहानी और ऐसे दृश्यों से सलमान की स्वीकार्यता और लोकप्रियता की ब्रांडिंग और भी मजबूत होती है। 


लेकिन इस तरह की स्वीकार्यता और लोकप्रियता को बटोरने में सलमान अकेले नहीं हैं।  हाल की आमिर खान की फिल्म दंगल में भी बाल कलाकारों को भरपूर मौका दिया गया है। और इस फिल्म ने आमिर की स्वीकार्यता को पहले से कहीं ज्यादा ऊंचा स्थान प्रदान किया। इससे भी पहले आमिर खान की ही फिल्म तारे जमीं पर तो बच्चों के जीवन पर ही आधारित ही थी लेकिन इसके बावजूद आमिर खान उसमें मुख्य अभिनेता की तरह थे। और दर्शकों के बीच सहानुभूति के सुपर सितारा भी।

इसी तरह अगर आप याद करें ऋतिक रोशन की फिल्म कोई मिल गया तो वहां भी बाल कलाकारों को खूब उपयोग किया गया है। कोई मिल गयाऋतिक रोशन के पिता राकेश रोशन ने खुद ही बनाई थी और बाल कलाकारों को बहुत सोच समझ कर उपयोग किया गया था। क्योंकि इससे पहले ऋतिक ने अपनी पहली फिल्म कहो ना प्यार है की सफलता से बच्चों के बीच खासी लोकप्रियता बटोरी थी। लेकिन इस फिल्म के पश्चात् उनकी कुछ फिल्मों में उनकी छवि ने उत्साही बच्चों को उनसे दूर कर दिया। इससे ऋतिक की फिल्मों की सफलता पर भी असर पड़ा। लिहाजा राकेश रोशन ने जब कोई मिल गया बनाई तो उसमें ऋतिक के किरदार को बाल कलाकारों के बीच ही खड़ा कर दिया। नतीजा सामने था-फिल्म ब्लॉकबस्टर साबित हुई।

दरअसल एक अनुसंधान में यह बात सामने आ चुकी है कि आज की तारीख में किसी फिल्म को हिट, सुपरहिट कराने में हाईस्कूल स्टैंडर्ड तक के दर्शकों का सबसे बड़ा योगदान है। अगर इस क्लास के बच्चों ने कोई फिल्म पसंद कर ली, तो टिकट खिड़की पर उसकी व्यावसायिक सफलता निश्चित है। बाहुबली जैसी चमत्कारी फिल्म को हिट कराने में भी इस क्लास के दर्शकों की बड़ी भूमिका रही। लिहाजा निर्माता-निर्देशक इस वर्ग को टारगेट करने के लिए किरदारों की उम्र और उसका परिवेश का भी बखूबी ध्यान रख रहे हैं।

याद कीजिये जब स्टार प्लस चैनल की लोकप्रियता को टक्कर देने के लिए कलर्स चैनल शुरू हुआ था तो उसके सारे धारावाहिकों की कहानियां बच्चों की जिंदगी के ईर्द-गिर्द घूमती थी। चाहे वह बालिका बधू हो या उतरन या अन्य शो। यानी बाल कलाकारों से युक्त कहानी पहले से ही लोकप्रियता का सबब रही हैं।

लिहाजा आज जब सलमान खान बजरंगी भाईजान के बाद फिर से मुख्य बाल कलाकार के साथ पर्दे पर आ रहे हैं तो  सवाल उठता है कि क्या 51 साल के सलमान जैसे मेगास्टार को भी अब लिटिल ब्बॉयके कंधे का सहारा चाहिये?
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1 टिप्पणी:

  1. रणवीर सिंह का नया वीडियो खून भरी मांग उनके साथ हीरोइन हैं फराह खान
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    सलमान की खास दोस्त यूलिया ने किया एक और गाना रिकॉर्ड
    वैलेंटाइन डे पर बेडरूम में बस रखें ये खास चीज और फिर देखें कमाल

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