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सोमवार, 13 नवंबर 2017

पहले ‘पद्मावती’ फिल्म देखें उसके बाद निकालें निष्कर्ष - शाहिद कपूर

एक फिल्म की कहानी के आगे देश के इतिहासकार
और साहित्यकार भी चिंतन करने पर हुये विवश   
  
'पद्मावती' फिल्म की शूटिंग्स से पहले मेकअप कराते शाहिद कपूर
देश भर में बढ़ते विवाद की वजह से संजय लीला भंसाली की सबसे महंगी 'पद्मावती संकट में घिर गई है। दीपिका पादुकोणशाहिद कपूर और रणवीर सिंह की भूमिका वाली पद्मावती पूरे देश से विरोध का सामना कर रही है।
बढ़ते विरोध को देखते हुये ही संजय लीला भंसाली पिछले दिनों एक वीडियो संदेश के जरिये जनता को यह बता चुके हैं कि उनकी फिल्म में राजपूत समाज की शान में किसी भी प्रकार की गुस्ताखी नहीं की गई है और ना ही फिल्म खिलजी और पदमावती को किसी दृश्य में एक साथ दिखाया गया है।
इसके बाद अब इस फिल्म में महाराजा रतन सिंह की प्रमुख भूमिका निभाने वाले शाहिद कपूर सामने आये हैं। शाहिद कपूर ने लोगों से किसी भी निष्कर्ष पर उतरने से पहले फिल्म देखने की अपील की है। शाहिद कपूर ने एक फैशन नाइट में पत्रकारों से बात करते हुये कहा, "हमने फिल्म को काफी अच्छी तरह से बनाने की कोशिश की है। आप जो भी इस फिल्म के बारे में सोचते हैंउसका हम सम्मान करते हैंलेकिन आपको इसे पहले देखना चाहिए।"

महाराजा रतन सिंह की भूमिका में शाहिद कपूर
शाहिद कपूर ने यह भी कहा है कि पूरी टीम को फिल्म पर गर्व है और विवाद के बावजूद लोगों के प्रेम और समर्थन से वो अभिभूत हैं। शाहिद ने कहा, "मुझे लगता है कि यह एक विशेष सिनेमाई अनुभव होगा।  मुझे उम्मीद है कि पूरी बिरादरी को इस फिल्म को देखने पर गर्व होगा। ट्रेलर रिलीज के बाद अभूतपूर्व सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। पूरी बिरादरी फिल्म का समर्थन करने के लिए एक साथ आ गई है। "
इससे पहले फिल्म निर्माता-निर्देशक करण जौहर भी भंसाली की फिल्म के समर्थन में सामने आये थे। करन जौहर ने कहा, "मुझे एक फिल्म के रिलीज होने से पहले कई विवादों का सामना करना पड़ रहा है, जो कि ठीक नहीं लगता। संजय लीला भंसाली ने एक खूबसूरत फिल्म बनाई है। मुझे उम्मीद है कि कुछ लोग यह जरूर समझते होंगे कि रचनात्मकता अभिव्यक्ति का ही एक रूप है। उन्होंने खुद स्वीकारा है कि इस फिल्म में ऐसा कुछ भी नहीं है जो लोगों की भावनाओं को ठेस पहुंचायेगी। मुझे लगता है हमें संजय पर विश्वास करना चाहिए और इस फिल्म को सभी को प्यार देना चाहिये।"
गौरतलब है कि पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट ने पद्मावती के रिलीज पर रोक लगाने वाली एक याचिका को खारिज कर दिया था और कहा था कि सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (सीबीएफसी) किसी भी फिल्म को प्रमाण पत्र देने से पहले उसके सभी पहलुओं पर विचार करता है।

राजा-रानी के प्रेम और उसके बलिदान की कहानी है 'पद्मावती'
वहीं पद्मावती की ऐतिहासिकता को लेकर भी देश भर में चिंतन, बहस और अनुसंधान का दौर चल रहा है। फिल्म क्या दिखाती है-यह तो बाद में तय होगा लेकिन उससे पहले एक फिल्म की कहानी ने देश के इतिहासकारों, साहित्यकारों और बुद्धिजीवियों को झकझोर दिया-शोध करने पर मजबूर कर दिया; यह क्या कम है
-कल्पना कुमारीसंपर्क - pictureplus2016@gmail.com   

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