कैसी लागी लगन, जलोटा हो गए मगन कि जसलीनsss जसलीनsss गाने लगे...? - PICTURE PLUS Film Magazine पिक्चर प्लस फिल्म पत्रिका

नवीनतम

सोमवार, 17 सितंबर 2018

कैसी लागी लगन, जलोटा हो गए मगन कि जसलीनsss जसलीनsss गाने लगे...?

'मैं नहीं माखन खायो...' गाने वाले अनूप जलोटा के साथ जसलीन मथारू

-संजीव श्रीवास्तव

अनूप जलोटा का गाया वो भजन आज बहुत याद आता है—
मैं नहीं माखन खायो...
एक निर्दोष भावाभिव्यक्ति की पुकार थी उन स्वर लहरियों में जिसकी अनुगूंज
आज भी कायम है।
संत कवि सूरदास रचित उस भजन में भगवान कृष्ण की लीला अपरंपार दिखती है। माता यशोदा कृष्ण के मुख पर लगे माखन को देख चुकी है फिर भी कृष्ण माता को बार बार कहते हैं - मैं नहीं माखन खायो। तर्क भी कम आकर्षण और वैज्ञानिक नहीं थे कृष्ण के। मटका तो ऊपर रखा है, और ना ही मटका टूटा है; और तो और वह बाहर खेलने गया था तो भला वह माखन कैसे चुरा सकता है। बात सुनने में वाजिब भी लगती है। लेकिन कृष्ण के मुख पर जो माखन लगा है और मटके का सारा माखन गायब है तो वह भी क्या कम बड़ा चमत्कार है? कमाल का रहस्यवाद है ये।
यकीन मानिये आज अनूप जलोटा ने उम्र के इस पड़ाव पर आकर इस रहस्यवाद से पर्दा उठा ही दिया।
आज वो भी कृष्ण की तरह लाड़ करा सकते हैं कि उन्होंने माखन नहीं खाया। तकरीबन तीन-चार दशकों से भगवान कृष्ण का भजन कीर्तन करते रहे, परिवार में पिता भी महान भजन गायक थे, यानी भक्ति गीत संगीत की सरिता की विरासत में मिली ऊपर से उम्र का ये पड़ाव ; भला माखन कब खायो?
लेकिन जिस तरह सूरदास के कृष्ण के मुंह पर लगे माखन ने उस भोले बहानेबाज कृष्ण की पोल खोल दी, उसी तरह बिग बॉस के सेट पर सलमान क्या सारी पब्लिक के सामने जसलीन मथारू ने अनूप जलोटा के मुंह पर लगे प्रेम के माखन के दाग को दुनिया को दिखा दिया—ये है मेरा माखन चोर।
अब आप सोच रहे होंगे के ये जसलीन मथारू कौन है तो आपको बता दें के ये संगीत की एक स्टूडेंट है जो अनूप जलोटा से संगीत की शिक्षा ले रही हैं और उसके दावे के मुताबिक उसका अपने गुरु यानी अनूप जलोटा से पिछले तीन साल से प्रेम संबंध चल रहा है। वह अनूप जलोटा से करीब चालीस साल छोटी हैं। दोनों ने बिग बॉस 12 के घर में बतौर प्रतियोगी प्रवेश किया है।

कैसी लागी लगन, जलोटा हो गए मगन कि जसलीनsss जसलीनsss गाने लगे...?

सुरों की लागी लगन...!

आप इसे अनूप जलोटा का प्रेम भरा जीवन कहें याकि एक वियोगी का दर्द भरा सफर -कि उनका दांपत्य जीवन कभी स्थिर या सुखमय नहीं रहा। पहली शादी गुजरात की सोनाली सेठ से हुई। सोनाली को भी गायन से गहरा लगाव था और उसने अनूप जलोटा को अपना गुरु बनाया था। सुरों की बारीकियां सीखते सीखते गुरू की ऐसी दीवानी हुई कि दोनों ने प्रेम विवाह कर लिया। दोनों का विवाह परंपरा और परिवार से विद्रोह करके हुआ। लेकिन यह विवाह ज्यादा नहीं चला। इसके बाद अनूप जलोटा की दूसरी शादी बीना भाटिया से हुई। यह अरेंज मैरिज थी लेकिन इस बार भी तलाक हो गया। इसके बाद अनूप जलोटा ने तीसरी शादी की मेधा गुजराल से। जो कि पूर्व प्रधानमंत्री इंद्र कुमार गुजराल की भतीजी थीं। लेकिन करीब चार साल पहले यानी 2014 में मेधा के निधन के बाद अनूप जलोटा फिर से अकेले हो गये।
और अब उनकी जिंदगी में आई है जसलीन। उसके दावे को यकीन करें तो साल 2014 में जब मेधा गुजराल का निधन हो गया उसके बाद साल 2015 में ही वह अनूप जलोटा के संपर्क में आ गई। 
करीब तीन साल तक इस रिश्ते को अपने सीने में दोनों ने दबाये रखा। आसान नहीं है दोनों के इस दर्द को समझना। अब जसलीन ने अनूप जलोटा के उथल पुथल भरे दांपत्य जीवन को एक मुकम्मल मुकाम देने की ठानी है तो अनूप जलोटा भी जसलीन की प्रेम छाया में रसलीन होकर अपनी सुरों की विरासत की उस मटकी को अब सरेआम फोड़ ही देना चाहते हैं। अगर इस माखन का स्वाद हर कोई ग्रहण कर ले तो उन्हें भी अकेले न कहना पड़े - केवल मैं नहीं माखन खायो।   
(Email:pictureplus2016@gmail.com)

1 टिप्पणी:

Post Bottom Ad